पटना: राजधानी पटना के चित्रगुप्त नगर थाना क्षेत्र में स्थित शंभू गर्ल्स हॉस्टल में छात्रा की संदिग्ध मौत मामले की अब सरकार CBI जांच कराएगी। इस मामले में उप मुख्यमंत्री सह गृह मंत्री सम्राट चौधरी ने सोशल मीडिया के माध्यम से जानकारी दी कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने केस की CBI जांच कराने की मांग की है। बता दें इस केस में घटना के पहले दिन से ही पुलिस पर गंभीर आरोप लगते रहे हैं। छात्रा के परिजन पुलिस पर आरोपियों को बचाने के लिए हत्या के मामले को जबरदस्ती आत्महत्या बताने का आरोप लगा रहे हैं। इधर सूत्रों से जानकारी मिल रही है कि संदिग्धों का DNA रिपोर्ट भी आ गया है, बावजूद इसके पुलिस और SIT किसी निष्कर्ष पर नहीं पहुंच पा रही है और दोषी की पहचान नहीं कर पा रही है जिसके बाद अब CM नीतीश ने CBI जांच की मांग है।
बता दें इस मामले को लेकर शुक्रवार को भी राजधानी पटना में दिनभर गहमागहमी का माहौल रहा। डीजीपी ने SIT और अन्य वरीय अधिकारियों के साथ उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की इसके साथ ही छात्रा के परिजन भी डीजीपी से मिलने उनके आवास पर पहुँचे। हालांकि डीजीपी से मिलने के बाद परिजन काफी आक्रोशित दिखे और उन्होंने डीजीपी समेत पुलिस महकमा पर कई गंभीर आरोप लगाये। छात्रा के परिजनों ने कहा कि डीजीपी ने कहा कि मान लीजिए आपकी बेटी के साथ दुष्कर्म नहीं हुआ है बल्कि उसने आत्महत्या कर ली है। इसके साथ ही डीजीपी ने परिजनों को उप मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से मिलने जाने की भी बात कही थी लेकिन परिजन यह कहते हुए कि जो पुलिस कह रही है वही बात डिप्टी सीएम के आवास पर भी कहा जाएगा गुस्से में नहीं गये।
इसके साथ ही परिजन फिर सचिवालय थाना पहुंचे थे जहां SIT की टीम ने छात्रा के परिजन से पूछताछ की। इस दौरान भी परिजनों ने पुलिस पर परिवार के लोगों को दोषी ठहराने का आरोप लगाया था। बता दें इस मामले में घटना के पहले दिन से परिजन हैवानियत की बात कर रहे थे जबकि पुलिस ने इससे इनकार कर दिया था। बाद में छात्रा का पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद पुलिस की जमकर किरकिरी हुई और आनन फानन में SIT गठित की गई। करीब 15 दिनों से अधिक जांच के बाद अब तक SIT भी आरोपी तक नहीं पहुंच पाई जिसके बाद अब इस मामले का CBI जांच करवाने की मांग मुख्यमंत्री ने की है।