नीतीश - निशांत को मांझी ने दी शुभकामनाएं, खुद CM बनने और शराबबंदी को लेकर भी...
पटना: बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने के निर्णय और निशांत की राजनीतिक एंट्री को लेकर पूर्व मुख्यमंत्री एवं केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने खुशी जाहिर की और राज्यसभा की 5 सीटों पर जीत का दावा किया। इस दौरान उन्होंने पश्चिम बंगाल में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के अपमान को लेकर हमला बोला तो शराबबंदी पर भी बात की। केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने सीएम नीतीश के राज्यसभा जाने के सवाल पर कहा कि वे बिहार के दोनों सदन और लोकसभा के सदस्य रह चुके हैं। उनकी इक्षा थी चारों सदन का सदस्य बनें। उनकी उम्र 74 वर्ष हो गई है, अंतिम समय है तो वह अपनी इक्षा पूरी करने के लिए राज्यसभा चुनाव के लिए नामांकन किया है। इस दौरान उन्होंने बिहार में नए मुख्यमंत्री चेहरे को लेकर कहा कि NDA के वरीय नेता, प्रधानमंत्री, गृह मंत्री समेत अन्य लोग मिल कर नए चेहरे का चयन करेंगे और जो भी अगले मुख्यमंत्री होंगे वह बेहतर होंगें। उन्होंने मुख्यमंत्री भाजपा की तरफ से होने के सवाल पर कहा कि इस मामले में मैं अभी कुछ नहीं कह सकता हूं, निर्णय होने के बाद सबको पता चल ही जाएगा। उन्होंने सीएम के तौर पर अपना नाम को लेकर कहा कि हमारी ऐसी कोई मांग नहीं है और अभी इस पर हम कुछ कहना भी नहीं चाहते हैं।
केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने राज्यसभा चुनाव में सभी 5 सीटों पर NDA की जीत को लेकर कहा कि हमारे पास वोटो की कोई कमी नहीं है। विपक्ष के पास 35 वोट है जबकि हमारे पास 38 वोट है, तीन वोट क्रॉसवोटिंग के जरिए हमें मिल जाएगा और सभी पांच सीटों पर NDA का कब्जा होगा। इस दौरान उन्होंने निशांत कुमार के पॉलिटिकल एंट्री के सवाल पर उनका स्वागत किया और तारीफ करते हुए कहा कि यही तो समाजवाद है और उनका धैर्य भी काबिलेतारिफ है। जब तक नीतीश जी बिहार के मुख्यमंत्री रहे, वह चुपचाप रहे और जब वह राज्यसभा जाने लगे तो फिर अब राजनीति में आ गए हैं और पार्टी को संभालेंगे। यह बहुत अच्छी बात है कि निशांत अब अपने पिता की तरह राजनीति में आए हैं। वह युवा हैं, शिक्षित हैं और निश्चित रूप से बिहार की जनता उन्हें भी पसंद करेगी। मैं निशांत की बधाई और शुभकामना देता हूं।
केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने पश्चिम बंगाल में राष्ट्रपति के अपमान को लेकर कहा कि ममता बनर्जी ने घोर अपमान किया है। यह राजद्रोह की श्रेणी में आता है। राष्ट्रपति के लिए जो प्रोटोकॉल होता है उन्होंने उसके विरुद्ध काम किया है। ममता बनर्जी देश की संघीय सरकार के अनुरूप काम नहीं कर रही हैं। इस दौरान उन्होंने शराबबंदी कानून पर उठ रहे सवालों को लेकर एक बार फिर समीक्षा की मांग की और कहा कि तीसरी समीक्षा में सीएम नीतीश ने पीने के लिए थोड़ा बहुत ले जाने वाले को नहीं पकड़ने का निर्देश दिया है।