कैमूर: कैमूर के दुर्गावती थाना क्षेत्र में एक निजी अस्पताल में इलाज के दौरान अधेड़ की मौत के बाद लोगों ने जम कर हंगामा किया। मृतक के परिजनों ने डॉक्टर पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाया साथ ही कहा कि डॉक्टरों ने मरीज की मौत के बाद भी जिंदा होने की बात कह कर रुपए लेते रहा। अधेड़ की मौत के बाद परिजन समेत स्थानीय लोग आक्रोशित हो गए और एनएच 2 पर शव रख कर जाम कर दिया तथा जम कर हंगामा किया। घटना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने परिजनों को मशक्कत के बाद समझा बुझा कर हंगामा शांत करवाया।
घटना दुर्गावती थाना क्षेत्र के एक निजी अस्पताल की है जहां बिछिया गांव निवासी राम इकबाल कुशवाहा की इलाज के दौरान मौत हो गई। मृतक के परिजनों ने बताया कि अस्पताल में इलाज के दौरान मरीज की हालत बिगड़ने पर हमने बार बार वाराणसी रेफर करने की मांग की लेकिन डॉक्टरों ने हालत में सुधार की बात कह सिर्फ रुपए लूटे। इतना ही नहीं मरीज की मौत हो जाने के बाद भी डॉक्टर जिंदा होने की बात कहते रहे और इलाज के नाम पर बिल बनाते रहे। परिजनों ने आरोपी अस्पताल संचालक के विरुद्ध कार्रवाई करने की मांग की। परिजनों ने बताया कि मरीज को सांस फूलने की शिकायत पर अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
घटना की जानकारी मिलते हीं मौके पर मोहनियां एसडीएम रत्ना प्रियदर्शिनी एवं डीएसपी प्रदीप कुमार भी पहुंचे, जहां परिजनों से बातचीत कर हाईवे को खाली कराया। मोहनिया एसडीएम रत्ना प्रियदर्शिनी ने कहा कि दुर्गावती में एक व्यक्ति की इलाज के दौरान मौत हो गई थी, जिसके बाद परिजनों ने जांच और कार्रवाई की मांग को लेकर एनएच 19 जाम कर दिया था। फिलहाल सभी को समझाकर जाम को हटवा दिया गया है।