आगामी बिहार विधानसभा चुनाव तैयारियों के मद्देनजर रविवार को महनार विधानसभा में बूथ स्तरीय कार्यकर्ता पंचायत एवं प्रखंड कार्यकारिणी की संगठनात्मक बैठक की। इस दौरान निचली इकाई तक संगठन की मजबूती के लिए विस्तृत रूपरेखा तय की गई।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए बिहार जद(यू0) के प्रदेश अध्यक्ष उमेश सिंह कुशवाहा ने कहा कि कडाके की ठ॔ड के बावजूद आज इस कार्यक्रम की शानदार उपस्थिति से यह तय हो गया है कि महनार में न्याय के साथ विकास का झंडा पूरी बुलंदी से लहराएगा। श्री कुशवाहा ने कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने महनार के बेटे को प्रदेश अध्यक्ष के रूप में पूरे बिहार के संगठन की जिम्मेदारी सौंपी है और महनारवासियों के असीम स्नेह एवं आशीर्वाद से मिली ऊर्जा ही मुझे दिन-रात काम करने के लिए प्रेरित करती है। साथ ही उन्होंने कहा कि मेरा जीवन महनारवासियों की सेवा के लिए समर्पित है। यहां के जनप्रतिनिधि के रूप में मैंने पूरी ईमानदारी से काम किया है और सात जन्म में भी महनार की जनता का कर्ज उतारा नहीं जा सकता है।
श्री उमेश कुशवाहा ने कहा कि प्रगति यात्रा के दौरान मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कई विकासात्मक योजनाओं के लिए महनार को 125 करोड़ रुपये की सौगात दी है, जिससे क्षेत्र का कायाकल्प होगा। इस इलाके में सड़क, शिक्षा, बिजली, स्वास्थ्य और रोजगार के क्षेत्र में ऐतिहासिक कार्य हुए हैं। हमारा संकल्प बिहार के मानचित्र में महनार को श्रेष्ठ स्थान दिलाना है। श्री कुशवाहा ने कहा कि झूठ फैलाकर भटकाने वाली ताकतों से हमें सचेत रहना है। लोकसभा और विधानसभा उपचुनाव परिणाम ने पुनः यह साबित कर दिया है कि बिहार की राजनीति में नीतीश कुमार का न कोई विकल्प था, न है और ना ही होगा। हमारे नेता समाजवादी आदर्शों पर चलते हुए हमेशा जनता की सामाजिक, आर्थिक और शैक्षणिक उन्नति के लिए काम करते हैं। उन्होंने कहा कि एनडीए घटक दलों के साथ समन्वय स्थापित 2025 में 225 सीटों पर जीत का लक्ष्य हासिल करना है। साथ ही प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में जुटे हुए हैं और दूसरी ओर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार विकसित बिहार के निर्माण में। भावी पीढ़ियों के सुनहरे भविष्य हेतु हमें इस जोड़ी को और अधिक ताकत प्रदान करना है।
माननीय विधानपार्षद सह कोषाध्यक्ष ललन कुमार सर्राफ ने कहा कि हमारे नेता ने 19 वर्षो तक बिहार की सेवा की है। उन्होंने पूरे 14 करोड़ बिहारवासियों को हमेशा अपना परिवार माना है और सबकी तरक्की व उन्नति के लिए दिनरात काम कर रहे हैं। नीतीश सरकार ने राज्य सरकार की नौकरियों में महिलाओं के लिए 35 फीसदी आरक्षण का प्रावधान किया। साथ ही नारी सशक्तिकरण की दिशा में पंचायती राज एवं नगर निकाय में महिलाओं के लिए 50 फीसदी आरक्षण निर्णायक साबित हुआ है उन्होंने आगे कहा कि महिलाओं के आह्वान पर ही नीतीश कुमार ने शराबबंदी कानून लागू किया जिसका हमारे समाज पर व्यापक सकारात्मक असर हुआ है। उन्होंने कहा कि 2005 में बिहार का कुल बजट महज 23,800 करोड़ था लेकिन वही बजट 2.80 लाख करोड़ रुपये का हो चुका है। देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बिहार के लिए अपना खजाना खोल दिया है। केन्द्रीय बजट में बिहार को अलग से 60 हजार करोड़ रुपये मिले हैं और अगले 5 सालों तक यह जारी रहेगा।