Patna :-आस्था और विश्वास का प्रतीक चैती छठ महापर्व आज अपने चौथे दिन के साथ संपन्न हो गया। चार दिवसीय इस पर्व के अंतिम दिन व्रतियों ने उगते सूर्य को अर्घ्य अर्पित कर अपने व्रत का विधिवत समापन किया।
राजधानी पटना समेत पूरे बिहार के विभिन्न घाटों पर आज सुबह श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी।सुबह के पहले पहर से ही महिलाएं सिर पर सुपली और डाला लिए घाटों की ओर रवाना होती नजर आईं। जैसे ही पूर्व दिशा में अरुणोदय हुआ, भक्तों ने 'उगते सूर्य' को अर्घ्य अर्पित कर भगवान भास्कर से संतान सुख, सुख-समृद्धि और परिवार की खुशहाली की कामना की। इस दौरान महिलाओं एवं बच्चों में विशेष उत्साह देखा गया.
वही सुरक्षा के मद्देनज़र प्रशासन ने पुख्ता इंतज़ाम किए हैं।विभिन्न घाटों एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमें मौके पर तैनात रहीं। साथ ही स्थानीय पुलिस बल और बीएमपी के जवान भी घाटों पर हर गतिविधि पर नजर बनाए हुए थे। ड्रोन कैमरों और सीसीटीवी की मदद से भी निगरानी रखी गई।वही स्वास्थ्य विभाग द्वारा घाटों पर मेडिकल टीम की भी व्यवस्था की गई थी, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत मदद पहुंचाई जा सके।सफाई कर्मियों ने भी घाटों की स्वच्छता बनाए रखने में अहम भूमिका निभाई।
चैती छठ की यह परंपरा प्रकृति, जल और सूर्य उपासना का अनुपम संगम है, जो हर वर्ष लोगों को संयम, श्रद्धा और स्वच्छता का संदेश देता है। इस बार भी लाखों श्रद्धालुओं की आस्था ने घाटों को एक बार फिर पावन बना दिया।
पटना सिटी से मुकेश की रिपोर्ट