पटना जू में व्हाइट टाइगर की हालत को लेकर सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। वीडियो में बाघ काफी कमजोर और हड्डियां नजर आने वाली स्थिति में दिखाई दे रहा है। सोशल मीडिया यूजर्स ने दावा किया कि बाघ को सही ढंग से खाना नहीं दिया जा रहा है। पटना जू प्रशासन ने इस वीडियो पर तुरंत प्रतिक्रिया दी है। उनका कहना है कि वायरल वीडियो वास्तव में पटना जू का है या नहीं इसकी जांच की जा रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनके सभी जानवरों की नियमित देखभाल होती है और समय-समय पर उनकी मेडिकल जांच भी की जाती है।
पटना जू में कुल 7 बाघ हैं – 4 मेल और 3 फीमेल। सभी को नियमित रूप से महिष का मांस दिया जाता है। वर्तमान में ठंड के समय सभी बाघों को मिलाकर लगभग 70 किलो मांस रोज़ाना दिया जा रहा है, जबकि आम दिनों में यह मात्रा 50 किलो रहती है। बाघों के लिए नाइट हाउस में लकड़ी के प्लेटफार्म बनाए गए हैं ताकि वे ठंडे फर्श पर न बैठें। साथ ही बाड़े में हीटर भी लगाया गया है।
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सर्दियों में बाघों का आहार थोड़ा बदल दिया गया है। केवल शाम 4 बजे ही खाना दिया जाता है। इसके अलावा, बाघों को शरीर गर्म रखने के लिए अंडा भी दिया जाता है। प्रशासन का कहना है कि बाघ दिन के समय धूप में आराम करते हैं और रात में हीटर का इस्तेमाल कर शरीर को गर्म रखते हैं। पटना जू प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों पर भरोसा करने से पहले अधिकारियों की जांच का इंतजार करें। बाघों की सुरक्षा और स्वास्थ्य उनके लिए सबसे प्राथमिकता है।