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C-ग्रेड फिल्मों के डायलॉग की तरह है सीएम नीतीश का बयान, ; महिला आयोग ने की कार्रवाई की मांग

बिहार के सीएम नीतीश कुमार ने मंगलवार (7 नवंबर 2023) को जनसंख्या नियंत्रण को लेकर विधानसभा में ऐसा बयान दिया, जिसके बाद सिर्फ बिहार में ही नहीं देशभर में बवाल मच गया है. बीजेपी ने नीतीश कुमार की आलोचना करते हुए उनके इस्तीफे की मांग की है. इसके साथ ही कहा है कि, उनके (नीतीश कुमार) दिमाग में इन दिनों बी ग्रेड फिल्म चल रही है. वहीं बिहार विधानसभा की एक महिला विधायक विधानसभा में नीतीश के बोल सुनकर सदन से बाहर निकलकर रोने लगीं.

नीतीश कुमार के इस विवादित बयान का वीडियो वायरल होने के बाद सियासी हलकों में उनकी जमकर आलोचना हो रही है. राष्ट्रीय महिला आयोग ने नीतीश कुमार के बयान पर टिप्पणी की है. राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष रेखा शर्मा ने सीएम नीतीश के बयान की आलोचना करते हुए कहा, 'इस देश की प्रत्येक महिला की ओर से और राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष के रूप में, मैं नीतीश कुमार से तत्काल और स्पष्ट माफी की मांग करती हूं. विधानसभा में उनकी अमर्यादित टिप्पणी हर महिला की गरिमा और सम्मान का अपमान है, जिसकी हर महिला हकदार है. उनकी भाषा बहुत अपमानजनक और घटिया है. अगर कोई नेता लोकतंत्र में खुलेआम ऐसे बयान देता है तो आप कल्पना कर सकते हैं कि राज्य में महिलाओं की क्या स्थिति होगी. मैं इस बयान की निंदा करती हूं.' 

राष्ट्रीय महिला आयोग की चेयरमैन रेखा शर्मा ने उनके बयान की तुलना सी ग्रेड की हिंदी फिल्मों से की है. उन्होंने कहा, "नीतीश कुमार ने विधानसभा में जिस तरह का बयान दिया है वह सी ग्रेड फिल्म का डायलॉग लग रहा था. यह बयान उन्होंने विधानसभा में सभी महिलाओं और पुरुषों के सामने कही है. सबसे बुरा यह था कि वहां पर बैठे पुरुष इस पर हंस रहे थे.''

रेखा शर्मा ने आगे कहा, ''मुझे लगता है अगर उन्हें ज्ञान देना था तो बहुत से तरीके थे. उन्होंने आज इस पर माफी मांगी है, लेकिन केवल माफी मांगना इसका उपाय नहीं है. बिहार स्पीकर को उनके खिलाफ एक कदम उठाना चाहिए."

आपको बता दूं कि आज जब बिहार विधानसभा की कार्यवाही शुरू हुई तो सदन के अंदर विपक्षी नेताओं के विरोध प्रदर्शन के दौरान बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा, "मैं अपने शब्द वापस लेता हूं."

 नीतीश के बयान पर क्या बोली बीजेपी?

सीएम नीतीश कुमार के बयान पर बीजेपी ने ट्वीट कर कहा, 'भला कोई इतना गंदा और नंगा हो सकता है क्या? बिहार विधानसभा के बाद विधान परिषद में महिला और पुरुष के संबंधों का घृणित और निकृष्ट शब्दों में पोस्टमार्टम करके नीतीश कुमार ने अपना चरित्र और चेहरा उजागर कर दिया. महिला सशक्तिकरण के नाम पर महिलाओं के प्रति अपनी घटिया सोच का साक्ष्य दिया है.'

अश्विनी चौबे बोले - शर्मनाक है बयान

केंद्रीय मंत्री अश्विनी चौबे ने एक वीडियो जारी कर कहा कि उनका यह बयान शर्मनाक है, उनको इसके लिए माफी मांगनी चाहिए और अपने पद से इस्तीफा दे देना चाहिए. किसी भी संसदीय या विधानसभा सदस्य ने कभी भी महिलाओं के खिलाफ ऐसी अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल नहीं किया है. मैंने वीडियो देखा, उन्होंने जो कहा वह सिर्फ शर्मनाक है'.

ओवैसी ने नीतीश कुमार के बयान को बताया अश्लील

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के बयान पर AIMIM अध्यक्ष असदुद्दीन औवेसी ने कहा, "वह एक प्रदेश के मुख्यमंत्री है और विधानसभा में उन्होंनेन्हों नेजिस तरीके का भाषा का उपयोग किया है वो अश्लील है....आप कही सड़क पर यह बात नहीं बोल रहे थे उन्हें समझना चाहिए था....मैं मांग करता हूं कि वो अपना बयान विधानसभा में वापस ले और उन्होंने बहुत गलत संदेश बिहार की महिलाओं को दिया है."

केंद्रीय मंत्री ने भी नीतीश को घेरा

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के बयान पर केंद्रीय मंत्री आरके सिंह ने कहा, "हमें शर्म आती है कि वह हमारे राज्य के सीएम हैं. मुझे लगता है कि बिहार के सभी व्यक्ति को शर्म आ रही होगी क्योंकि उनका सीएम ऐसी अश्लील भाषा का इस्तेमाल कर रहा है. यह तीसरे दर्जे का बयान है."

तेजस्वी यादव ने किया बयान का बचाव

बिहार के डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव ने चाचा नीतीश कुमार के इस बयान का बचाव किया. उन्होंने कहा, उनका बयान यौन शिक्षा को लेकर था. हमारे देश में यह विषय बहुत ही संवेदनशील माना जाता है और लोग इस विषय पर बात करने में झिझकते हैं. उनका बयान यौन शिक्षा को लेकर था, जिसके बारे में बात करने में लोग शर्म और झिझक महसूस करते हैं. 

नीतीश कुमार ने ऐसा क्या बोला?

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने जनसंख्या नियंत्रित करने में महिलाओं की शिक्षा के महत्व पर जोर देते हुए राज्य विधानसभा में बताया कि कैसे एक शिक्षित महिला अपने पति को संबंध बनाने के दौरान रोक सकती है. इस दौरान नीतीश कुमार ने कहा, ‘‘पति के कृत्यों के कारण अधिक बच्चे जन्म लेते हैं. हालांकि, एक शिक्षित महिला जानती है कि उसे कैसे रोकना है... यही कारण है कि जन्म लेने के मामलों में कमी आ रही है.’’