Join Us On WhatsApp

राष्ट्रीय महिला दिवस पर राज्य सरकार ने दी बड़ी सौगात, 1000 से अधिक महिलाओं को...

राष्ट्रीय महिला दिवस पर 253 अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र प्रदान, 755 चयनित महिलाओं को सिविल सेवा प्रोत्साहन राशि डीबीटी से हस्तांतरित

mahila diwas par saugat
राष्ट्रीय महिला दिवस पर राज्य सरकार ने दी बड़ी सौगात, 1000 से अधिक महिलाओं को...- फोटो : Darsh NEWS

पटना: राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर महिला सशक्तिकरण के प्रति राज्य सरकार की प्रतिबद्धता को आगे बढ़ाते हुए महिला एवं बाल विकास निगम, बिहार द्वारा दशरथ मांझी श्रम एवं नियोजन अध्ययन संस्थान, पटना में नियुक्ति पत्र वितरण एवं लाभ हस्तांतरण समारोह का आयोजन किया गया। समारोह के दौरान कुल 253 नवचयनित अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र प्रदान किए गए। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में समाज कल्याण विभाग की सचिव बन्दना प्रेयषी उपस्थित रहीं। उनके करकमलों द्वारा चयनित अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र प्रदान किया गया तथा After Care मार्गदर्शिका एवं कॉफी टेबल बुक का विमोचन भी किया गया। इस अवसर पर महिला सम्मान एवं सुरक्षा के प्रति सामूहिक शपथ भी दिलाई गई।

साथ ही, सिविल सेवा प्रोत्साहन राशि योजना के अंतर्गत 71वीं बीपीएससी हेतु चयनित 755 महिला अभ्यर्थियों के बैंक खातों में 3,77,50,000 की राशि डीबीटी के माध्यम से हस्तांतरित की गई। नियोजन विवरण के अनुसार समाज कल्याण विभाग के राज्य बाल संरक्षण समिति अंतर्गत विभिन्न पदों पर 106 अभ्यर्थियों तथा महिला एवं बाल विकास निगम अंतर्गत 147 अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र वितरित किए गए। इनमें केस वर्कर, ओएससी काउंसलर, ओएससी पैरा लीगल, ओएससी पैरा मेडिकल एवं ओएससी डीईओ सहित विभिन्न पद शामिल हैं। इसके अतिरिक्त मुख्यमंत्री कन्या सुरक्षा योजना के अंतर्गत परिपक्वता प्राप्त बॉण्ड की राशि के भुगतान प्रक्रिया का शुभारंभ करते हुए 11 कन्या लाभार्थियों को उनके बैंक खातों में राशि हस्तांतरण का प्रमाण-पत्र भी प्रदान किया गया।

यह भी पढ़ें     -       प्रेमी के साथ रहने की कीमत डेढ़ करोड़ रूपये, पत्नी की मांग को प्रेमिका ने तुरंत माना और...

मुख्यमंत्री कन्या सुरक्षा योजना की राशि हस्तांतरित करने का प्रमाणपत्र दिया गया। इसके संबंध में बताया गया कि बालिका जन्म को प्रोत्साहित करने, लिंगानुपात में सुधार तथा कन्या भ्रूण हत्या की रोकथाम के उद्देश्य से प्रारंभ इस योजना के तहत बीपीएल परिवार की 0–3 वर्ष आयु वर्ग की कन्याओं के नाम यूटीआई बॉण्ड निर्गत किए गए थे। अब 18 वर्ष पूर्ण करने वाली लाभार्थियों को चरणबद्ध तरीके से परिपक्वता राशि उनके बैंक खातों में हस्तांतरित की जा रही है। वन स्टॉप सेंटर योजना के अंतर्गत कार्यरत कर्मियों को भी नियुक्ति पत्र वितरित किए गए। राज्य के सभी जिलों में संचालित 39 वन स्टॉप सेंटरों के अतिरिक्त 26 नए केंद्रों के संचालन हेतु कुल 143 कर्मियों का नियोजन किया गया है। इनमें केंद्र प्रशासक, केस वर्कर, मनोसामाजिक परामर्शदाता, आईटी स्टाफ, पैरा मेडिकल कर्मी, कार्यालय सहायक एवं अन्य सहायक पद शामिल हैं। योजना के अंतर्गत अब तक हजारों पीड़ित महिलाओं को मनोसामाजिक परामर्श, विधिक सहायता, चिकित्सकीय सहयोग, पुलिस सहायता एवं अस्थायी आश्रय की सुविधा प्रदान की जा चुकी है।

राज्य संरक्षण समिति के अंतर्गत संविदा आधारित पदों पर औपबंधिक रूप से चयनित अभ्यर्थियों का पदवार विवरण इस प्रकार है— कार्यक्रम प्रबंधक–1, कार्यक्रम पदाधिकारी (ट्रेनिंग)–1, लीगल कम प्रोवेशन पदाधिकारी–4, काउंसलर डीसीपीयू–8, डेटा एनालिस्ट–4, सामाजिक कार्यकर्ता–7, आउटरीच वर्कर–16, प्रोवेशन पदाधिकारी/केस वर्कर/बाल कल्याण पदाधिकारी (सीसीआई)–13, काउंसलर (सीसीआई)–14, गृहपति/गृहमाता–15, पैरामेडिकल स्टाफ (सीसीआई)–20, नर्स–2 तथा फिजियोथेरेपिस्ट–1।

यह भी पढ़ें     -       तो जेल से कब बाहर आयेंगे पप्पू यादव? कोर्ट में सुनवाई के दौरान सभी मामलों में...

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए समाज कल्याण विभाग की सचिव बंदना प्रेयशी ने कहा कि यह नियुक्ति एवं लाभ वितरण समारोह केवल रोजगार उपलब्ध कराने का कार्यक्रम नहीं, बल्कि संवेदनशील सेवा तंत्र को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य है कि प्रत्येक जरूरतमंद महिला और बच्चे तक समय पर सहायता, संरक्षण और न्याय सुनिश्चित हो। नव नियुक्त कर्मी जमीनी स्तर पर सेवा प्रणाली को और अधिक प्रभावी बनाएंगे। उन्होंने कहा कि सिविल सेवा प्रोत्साहन राशि के माध्यम से बड़ी संख्या में महिलाओं को सहयोग प्रदान किया जाना इस बात का प्रमाण है कि राज्य में प्रतिभाशाली महिलाओं को आगे बढ़ाने हेतु ठोस कदम उठाए जा रहे हैं।

कार्यक्रम में समाज कल्याण विभाग के अपर सचिव, समाज कल्याण निदेशालय के निदेशक, महिला एवं बाल विकास निगम के पदाधिकारी; संयुक्त निदेशक, बाल संरक्षण इकाई; यूटीआई एवं UNICEF के प्रतिनिधि सहित विभाग के अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। स्वागत संबोधन कार्यपालक निदेशक, महिला एवं बाल विकास निगम द्वारा दिया गया तथा अंत में उप सचिव द्वारा धन्यवाद ज्ञापन किया गया। इसके अतिरिक्त, बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना के अंतर्गत राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर राज्य के सभी जिलों में जागरूकता, सम्मान एवं लाभ वितरण से संबंधित विभिन्न गतिविधियों का आयोजन भी किया गया।

यह भी पढ़ें     -       जमशेदपुर के कुख्यात गैंगस्टर को अपराधियों ने देहरादून में भूना, संभलने से पहले ही...


Scan and join

darsh news whats app qr
Join Us On WhatsApp