बिहार के पूर्व डिप्टी CM और नेता प्रतिपक्ष Tejashwi Yadav ने CM Nitish Kumar पर बड़ा हमला बोला है. तेजस्वी ने नीतीश को पुराने खयालात और रुढ़िवादी एप्रोच वाला व्यक्ति बताया है. तेजस्वी ने कहा कि जब वह नीतीश कुमार के साथ सत्ता में थे तब अपनी क्षमता का 10 फीसदी ही काम कर पा रहे थे. उनके साथ काम करने में दिक्कत हो रही थी. इतनी रुकावटों और सीमाओं के बावजूद उन्होंने अपने बल पर महज 17 महीनों में लाखों नौकरियां दीं. साथ ही पर्यटन, शिक्षा एवं स्वास्थ्य के क्षेत्र में बेहतरीन काम किए. 

सोशल मीडिया पर तेजस्वी का पोस्ट  

नीतीश के साथ काम करने में दिक्कत हो रही थी, रुकावटों के बावजूद 17 महीने में लाखों नौकरियां दीं - तेजस्वी यादव

पूर्व डिप्टी CM तेजस्वी यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म X पर एक पोस्ट शेयर किया, जिसमें उन्होंने कहा कि गठबंधन धर्म की सीमितता एवं बाध्यताओं के बीच उन्होंने नीतीश कुमार के साथ काम किया. नीतीश के पुराने ख्यालात, अप्रचलित तौर-तरीके, असामयिक निर्णय, कालग्रस्त कार्यशैली एवं रूढ़िवादी एप्रोच वाले नेतृत्व के साथ वह अपनी क्षमता का बस 10 फीसदी ही कार्य कर पा रहे थे. इन सबके बावजूद उन्होंने तार्किकता, बुधिमत्ता, वैज्ञानिकता और व्यावहारिकता के बल पर केवल 17 महीनों में ही लाखों नौकरियां दीं. साथ ही पर्यटन, आधारभूत संरचना, शिक्षा एवं स्वास्थ्य के क्षेत्रों में प्रभावी, बेहतरीन एवं ऐतिहासिक कार्य किए. उन्होंने कहा कि आम जनता ने 17 साल बनाम 17 महीनों के इस सकारात्मक अंतर का नजदीक से अनुभव करके स्वागत किया है. 


तेजस्वी ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट से RJD का एक वीडियो भी शेयर किया. इसमें NDA सरकार के 17 साल बनाम महागठबंधन सरकार के 17 महीने की तुलना की गई है. इसमें दावा किया गया है कि  तेजस्वी ने बेहतरीन काम किया. देश में पहली बार जाति आधारित गणना करके 75 फीसदी तक आरक्षण बढ़ाया गया. लाखों पदों पर बहाली निकाली गई. स्वास्थ्य विभाग में 1.35 लाख पदों पर भर्ती को अंतिम चरणों तक पहुंचाया गया. 4 लाख शिक्षकों को राज्यकर्मी का दर्जा दिलाया. पंचायत प्रतिनिधियों, आशा एवं ममता कार्यकर्ताओं का मानदेय बढ़ाया गया. इसके अलावा पर्यटन एवं खेल नीति को बढ़ाने का श्रेय भी तेजस्वी यादव को दिया गया है.