बिहार समेत पूरे देश में आज शनिवार को ईद का त्योहार हर्षोल्लास के साथ मनाया जा रहा है। राजधानी पटना में इस अवसर पर खास तैयारियां की गई हैं। गांधी मैदान में सुबह 7:30 बजे मुख्य नमाज अदा कीगई, जिसमें करीब 20 हजार से अधिक नमाजी शामिल हुए। इस मौके पर राज्य के मुख्यमंत्री के बेटे निशांत कुमार और अशोक चौधरी भी कार्यक्रम में शामिल हुए। नमाजियों की सुगम आवाजाही के लिए गांधी मैदान में गेट नंबर 4, 5, 7 और 10 से प्रवेश की व्यवस्था की गई थी, इसके अलावा पटना जंक्शन स्थित जामा मस्जिद, फुलवारीशरीफ और अन्य ईदगाहों में भी नमाज के अलग-अलग समय निर्धारित किए गए।
नमाज को लेकर प्रशासन की ओर से व्यापक तैयारियां की गई हैं। मैदान में लाउडस्पीकर लगाए गए हैं ताकि इमाम की आवाज हर व्यक्ति तक साफ-साफ पहुंच सके। बड़ी संख्या में आने वाले लोगों के लिए बैठने की भी समुचित व्यवस्था की गई है, जिससे किसी को असुविधा न हो। सुरक्षा के लिहाज से राजधानी में कड़े इंतजाम किए गए हैं। जिला प्रशासन और पुलिस ने मिलकर विस्तृत सुरक्षा योजना तैयार की है। शहर के 442 संवेदनशील और महत्वपूर्ण स्थानों पर दंडाधिकारी और पुलिस बल की तैनाती की गई है।
संवेदनशील इलाकों में क्यूआरटी टीमों को तैनात किया गया है और लगातार फ्लैग मार्च किया जा रहा है। साथ ही सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर भी प्रशासन की कड़ी नजर है। व्हाट्सएप और फेसबुक पर भ्रामक या आपत्तिजनक सामग्री फैलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी गई है। प्रशासन ने अंचल से लेकर जिला स्तर तक सभी अधिकारियों को अलर्ट पर रखा है। उन्हें निर्देश दिया गया है कि वे समय से अपने-अपने तैनाती स्थल पर पहुंचकर कार्यक्रम समाप्त होने तक पूरी मुस्तैदी से ड्यूटी निभाएं, ताकि ईद का पर्व शांतिपूर्ण और सुरक्षित माहौल में संपन्न हो सके।
बिहार के अन्य जिलों में भी नमाज़ अड्डा की गयी, सासाराम में ईद के मौके पर बड़ी संख्या में मुस्लिम धर्मावलंबियों ने नमाज अदा की। शहर के विभिन्न ईदगाहों के साथ-साथ शेरशाह सूरी मकबरे के पास भी लोगों ने एकजुट होकर इबादत की। इस दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर जगह-जगह दंडाधिकारी और प्रशासनिक अधिकारी तैनात नजर आए। रमजान के एक महीने के रोजा और इफ्तार के बाद ईद का त्योहार उल्लास और भाईचारे के साथ मनाया गया। नमाज के बाद लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर ईद की मुबारकबाद दी और खुशियां साझा कीं।
यह भी पढ़ें: बिहार में मौसम का डबल अटैक: रात भर बारिश, दिन में खतरे का संकेत—25 जिलों में अलर्ट से बढ़ी चिंता