पटना: बिहार में एक तरफ राज्यसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक सरगर्मी तेज है तो दूसरी तरफ होली के रंगों की तरह सियासी समीकरण भी बदलता दिख रहा है। बिहार की पांच राज्यसभा सीटों में तीन सीट पर भाजपा ने मंगलवार को ही उम्मीदवार के नाम की घोषणा कर दी। दो अन्य सीट जदयू के खाते में है जिस पर उम्मीदवार के नाम की घोषणा की जानी है। चर्चा जोरो पर थी कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार राज्यसभा जाने के साथ सक्रिय राजनीति में एंट्री करेंगे लेकिन बुधवार को सियासी समीकरण बदलता हुआ दिख रहा है। अब चर्चा होने लगी है कि नीतीश कुमार खुद राज्यसभा जाएंगे और बिहार में मुख्यमंत्री की कुर्सी भाजपा के पास होगी।
हालांकि अब तक इन चर्चाओं की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन सूत्रों से जानकारी मिल रही है कि इसके लिए सभी नेता नीतीश कुमार को मनाने में जुटे हुए हैं। कहा जा रहा है कि नीतीश अगर राज्यसभा जाएंगे तो बिहार में सीएम की कुर्सी भाजपा के पास चली जाएगी जबकि निशांत कुमार को डिप्टी सीएम बनाया जा सकता है। बिहार की सियासी गलियारों में चर्चा तेज है कि जदयू बुधवार की देर शाम तक राज्यसभा उम्मीदवार के नाम की घोषणा कर देगी जिसके बाद सब क्लियर हो जाएगा लेकिन फिलहाल नीतीश के राज्यसभा जाने की चर्चा जोरो पर है।
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राज्यसभा उम्मीदवार के नाम पर अंतिम सहमति बनाए जाने को लेकर सीएम नीतीश के आवास पर पार्टी नेताओं की बैठक की गई। नीतीश आवास पर बैठक से निकलने के बाद सीएम नीतीश के खास करीबी नेता विजय चौधरी, MLC संजय गांधी समेत कई अन्य नेता पार्टी के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा के आवास पर बैठक के लिए पहुंचे हैं। माना जा रहा है कि सीएम नीतीश से बातचीत के आधार पर नेता आपस में निर्णय लेंगे और फिर सीएम की सहमति के बाद राज्यसभा उम्मीदवार के नाम की घोषणा की जाएगी।
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