नालंदा: मंगलवार को नालंदा के मां शीतला मंदिर में भगदर में 9 महिलाओं की मौत हो गई जबकि कई अन्य श्रद्धालु जख्मी हो गए। घटना ने पूरे राज्य को हिला कर रख दिया वहीँ पुलिसिया व्यवस्था पर भी जम कर सवाल उठे। हालांकि इस मामले में बिहार पुलिस हेडक्वार्टर डीजी कुंदन कृष्णन ने भी स्वीकार किया कि इस मामले में पुलिस की तरफ से भी लापरवाही की गई है। वहीं स्थानीय प्रशासनिक अधिकारियों की मानें तो उन्हें भीड़ की सूचना नहीं दी गई थी जिसकी वजह से वहां पर्याप्त सुरक्षा बलों की तैनाती नहीं की गई है। घटना के बाद आनन फानन में स्थानीय थानाध्यक्ष को निलंबित कर दिया गया और अब कई लोगों पर FIR भी दर्ज किया गया है।
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मामले में पुलिस ने एक पंडा समेत चार लोगों को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि इन लोगों ने भीड़ प्रबंधन में लापरवाही बरती जिसकी वजह से इस तरह की भयवाह घटना घटित हुई। इसके साथ ही पुलिस ने चालीस लोगों के विरुद्ध मामला दर्ज किया है जिसमें 20 नामजद और 20 अज्ञात लोग शामिल हैं। फ़िलहाल पुलिस पूरे मामले की छानबीन कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश में जुटी है कि आखिर घटना का मुख्य कारण क्या है।
घटना को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार समेत अन्य कई मंत्री और नेताओं ने भी दुःख जताई और दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी वहीं सीएम नीतीश ने मृतक के परिजनों के लिए मुआवजे की भी घोषणा कर दी। घटना को लेकर प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि भीड़ प्रबन्धन की कमी की वजह से भगदड़ मची और महिलाओं की मौत हो गई। लोगों ने इस घटना को लेकर पुलिस पर सुरक्षा व्यवस्था में कमी का आरोप लगाया है।
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